*जरुरत से ज्यादा मिले उसको कहते हैं..*
*नसीब*
*भगवान का दिया सबकुछ हैं फिर भी रोता है उसको कहते है..*
*बदनसीब*
*और कुछ भी ना होकर भी खुश रहता है..उसको कहते है..*
*खुशनसीब*
व्यस्त रहे, मस्त रहे, स्वस्थ रहे।
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